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कांग्रेसस्य कृत कर्मस्य फल ! कांग्रेस के करनी का फल !

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साभार ani

एकम् लोकोक्ति अस्ति गतोसीत् अग्नि शमनाय स्व हस्तम् विदग्धवान् !

एक कहावत है कि गए थे आग बुझाने खुद का हाथ जला बैठे!

अधुना कांग्रेसस्य काल साधु न चलति सः यत कार्यम् कृतं निस्सरन्ति स्वस्य क्षति कृत तिष्ठन्ति,अचल कतिपय दिवस पूर्वे कांग्रेसः पी एम केयर फण्ड इत्यस्य स्पष्टीकरण हेतवे बहु प्रयत्नम् करोति स्म,तथैव तेन राजीव गांधी फाउंडेशन इते चिनेन अप्रेषयत् यथोचित 15 कोटि फण्ड इत्यस्य उद्घटय अभवत्।

आजकल कांग्रेस का वक्त नहीं सही चल रहा है वह जो काम करने निकलते हैं खुद का नुकसान कर बैठते हैं,अभी थोड़े दिन पहले कांग्रेस पी एम केयर फण्ड की जांच करवाने की जोर शोर से कोशिश कर रही थी,तभी उसके राजीव गांधी फाउंडेशन में चीन द्वारा भेजे गए लगभग 15 करोड़ फण्ड का खुलासा हो गया।

उद्घटय समितिस्य निर्माण !

जांच समिति का गठन !

समाचार एजेंसी ए एन आई इत्यस्य अनुसार एम एच ए स्व एकम् कथने अकथयत,राजीव गांधी फाउंडेशन,राजीव गांधी चैरिटेबल ट्रस्ट इंदिरा गांधी मेमोरियल ट्रस्ट इत्येव च आयकर नीति,पी एम एल ए इत्यस्य नीति प्रावधानस्य कथित रूपेण उल्लंघनम् कृतस्य उद्घटय अंतर मंत्रालयी समिति करिष्यति ! मंत्रालय अग्र अकथयत इदानीं अंतर मंत्रालयी समितिस्य नेतृत्वे प्रवर्तन निदेशालयस्य (ईडी) स्पेशल डाइरेक्टर करिष्यति !

समाचार एजेंसी ए एन आई के मुताबिक एम एच ए ने अपने एक बयान में कहा,राजीव गांधी फाउंडेशन,राजीव गांधी चैरिटेबल ट्रस्ट और इंदिरा गांधी मेमोरियल ट्रस्ट द्वारा आयकर कानून,पी एम एल ए के विभिन्न कानूनी प्रावधानों का कथित रूप से उल्लंघन किए जाने की जांच अंतर-मंत्रालयी समिति करेगी !मंत्रालय ने आगे कहा कि इस अंतर-मंत्रालयी समिति की अगुवाई प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के स्पेशल डाइरेक्टर करेंगे !

भाजपेन कांग्रेसे नियम उल्लंघनस्य आरोपानाम उपरांते कांग्रेस परितः आवृत्तम् परिलक्ष्यति, कांग्रेस स्व सतेन इत उत कथ्यति परिलक्ष्यति सर्वम् नियमानुसारम् अभवत् ! वस्तुतः सम्प्रति अस्य निर्णयम् ईडी करिष्यति ! दुग्धस्य दुग्धम् जलस्य जलम् !

प्रतीकात्मक चित्र

भाजपा द्वारा कांग्रेस पर नियम उल्लंघन के आरोपों के बाद कांग्रेस चारो तरफ से घिरती नजर आ रही है,कांग्रेस अपनी सच्चाई में इधर उधर कहती नजर आ रही है सब नियमनुसार हुआ है ! मगर अब इसका फैसला ईडी करेंगे!दूध का दूध पानी का पानी !

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