30.7 C
New Delhi

मोदी सरकार ने टैक्स प्रणाली मे लिया अहम कदम, ईमानदार करदाताओं के लिए लाए नई व्यवस्था।

Date:

Share post:

ईमानदार करदाताओं को ध्यान में रखते हुए सरकार ने कर प्रणाली ( टैक्स सिस्टम ) में सुधार का सबसे बड़ा कदम उठाया है | प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी ने गुरूवार 13 अगस्त 2020 को ट्रांसपेरेंट टैक्सेशन : ऑनरिंग द ऑनेस्ट ( पारदर्शी कराधान : ईमानदार को सम्मान ) प्लेटफार्म लांच किया | साथ ही कहा सरकार सीमलेस, पेनलेस और फियर लेस टैक्स प्रणाली लागू करेगी | इससे करदाताओं का उत्पीड़न नहीं होगा और ईमानदार करदाता नियमो के पालन के लिए प्रेरित होंगे | उन्होंने टैक्सपेयर्स चार्टर लागू करने का भी एलान किया |

मोदी जी के तीन मंत्र इस प्रकार है :
1 ) सीमलेस– टैक्स प्रशासन करदाताओं की समस्या को सुलझाने का काम करेगा |
2 ) पेनलेस — टेक्नोलॉजी से लेकर नियम तक सबकुछ आसान बनाया जाएगा
3 ) फियरलेस — प्रशासन में भरोसा बढाकर करदाताओं का डर ख़त्म किया जाएगा |

अभी टैक्स से जुड़े सभी मामले उसी शहर का टैक्स विभाग देखता है | नई टैक्स प्रणाली से केंद्रीकृत कंप्यूटर मामलो की पहचान की जाएगी, किसी भी क्षेत्र के अधिकारी को कहीं के भी करदाता की जांच का जिम्मा मिल जाएगा | करदाता व अधिकारी एक दूसरे को नहीं जानेंगे | करदाता को नोटिस केंद्रीकृत सिस्टम से भेजा जाएगा | करदाता जवाब ऑनलाइन ही दे सकेगा | 25 सितम्बर यानि दीनदयाल उपाध्याय जी के जन्मदिन से करदाताओं को इसी तरीके से फेसलेस अपील की सुविधा भी मिलने लगेगी | इसका सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि अधिकारी व्यक्तिगत रूप से किसी करदाता से संपर्क नहीं कर पाएंगे, करदाता अधिकारी से मिलकर अपने हित में फैसला नहीं करा सकेंगे, कर अनियमितता से जुड़े मामले जल्दी सुलझाए जा सकेंगे | इसकी जरुरत इसलिए पड़ी है क्योकि कई बार अधिकारी गलत तरीके से करदाता को धमकाता है परेशान करता है, अधिकारियो का व्यवहार भी काफी रुखा और चिड़चिड़ा होता है जिसके कारण करदाता उनसे डरता है |

कई बार तो अधिकारियो की साठगांठ से कोई अपने खिलाफ चल रहे मामले दबा लेता है | नई व्यवस्था में ऐसा कुछ नहीं हो सकेगा | इस घोषणा के जरिये मोदी जी ने अपना वादा पूरा किया है, जो उन्होंने दूसरी बार सत्ता में आने के बाद किया था | नई व्यवस्था से करदाताओं को आयकर विभाग के चक्कर लगाना नहीं पड़ेगा, बेवजह के विवाद भी नहीं होंगे | ऐसा इसलिए कि नई व्यवस्था में तकनीक का दखल होगा और अधिकारियो पर भी दवाब रहेगा कि वे करदाताओं की समस्याओं का निदान करे | आज के दौर हालत यह है कि एक ईमानदार करदाता आयकर अधिकारियो के बर्ताव के कारण डरता है अधिकारी भी मौका ढूंढते है किसी को परेशान करने का ताकि उनकी कमाई हो सके | इसके कारण विभाग के कारण सरकार की बहुत बदनामी होती है | कई ऐसे लोग भी है जो अपनी आय को कम दिखाते है और अधिकारियो के साथ मिलकर मामला रफा दफा कर देते है | नई व्यवस्था से भ्रष्ट अधिकारियो पर लगाम लगेगी और जो लोग टैक्स भरने में आनाकानी करते है उनको भी अब सही टैक्स जमा करने के लिए तैयार रहना पड़ेगा |

Reference –

https://www.hindustantimes.com/india-news/pm-modi-to-launch-another-major-direct-tax-reform-to-benefit-taxpayers/story-73xMCi0PqGYFzWmMxYM1MP.html

https://economictimes.indiatimes.com/news/economy/policy/pm-modi-launches-transparent-taxation-portal-a-new-faceless-tax-system/articleshow/77520902.cms

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Related articles

USA–Iran Conflict Reignites: Global Implications of a Renewed Middle East Crisis

The long-running confrontation between the United States and Iran has entered another dangerous phase. After a brief period...

Recent Migration Surge from Morocco into Spain: Understanding the Ceuta Border Crisis

In late July 2026, Spain experienced one of its largest irregular migration surges in recent years when thousands...

Understanding India’s New FCRA 2.0 Framework, Its Implications, and Why NGOs, Religious Organizations, and Foreign Entities Are Closely Watching It

India's Foreign Contribution (Regulation) Act (FCRA) has long been the principal law governing how non-governmental organizations (NGOs), charitable...

Human Rights Concerns in Pakistan-Occupied Kashmir and Gilgit-Baltistan: Allegations, Responses, and Ongoing Debate

Pakistan-Occupied Kashmir (often referred to as Azad Jammu and Kashmir or AJK) and Gilgit-Baltistan are strategically important regions...